नेपाल के नए पीएम बालेन शाह, भारत से रिश्तों को नई रफ्तार देने के संकेत

Sat 28-Mar-2026,06:20 PM IST +05:30

ताजा खबरों से अपडेट रहने के लिए हमारे Whatsapp Channel को Join करें |

Follow Us

नेपाल के नए पीएम बालेन शाह, भारत से रिश्तों को नई रफ्तार देने के संकेत Balen-Shah-Nepal-PM-India-Relations
  • पीएम मोदी को धन्यवाद देते हुए बालेन शाह ने द्विपक्षीय सहयोग बढ़ाने और क्षेत्रीय स्थिरता को प्राथमिकता देने की बात कही।

  • पूर्व पीएम केपी ओली को हराने के बाद उनकी गिरफ्तारी से नेपाल की राजनीति में नए समीकरण और सियासी हलचल तेज हुई।

/ :

Nepal/ Nepal की राजनीति में एक ऐतिहासिक बदलाव देखने को मिला है, जहां 35 वर्षीय Balendra Shah ने देश के सबसे युवा प्रधानमंत्री के रूप में शपथ लेकर नई शुरुआत की है। रैपर, इंजीनियर और फिर नेता बने बालेन शाह को जेन-जी आंदोलन का प्रमुख चेहरा माना जाता है, जिसने पारंपरिक राजनीति को चुनौती देते हुए युवाओं को नई दिशा दी।

शपथ ग्रहण के अगले ही दिन बालेन शाह ने भारत के साथ रिश्तों को मजबूत करने की इच्छा जताई। उन्होंने कहा कि वह India के साथ घनिष्ठ सहयोग में काम करने को उत्सुक हैं और प्रधानमंत्री Narendra Modi द्वारा दी गई शुभकामनाओं के लिए आभार व्यक्त किया। मोदी ने भी उन्हें बधाई देते हुए भारत-नेपाल संबंधों को नई ऊंचाई पर ले जाने का भरोसा जताया था।

हालांकि, बालेन शाह का राजनीतिक सफर विवादों से अछूता नहीं रहा है। 2023 में काठमांडू के मेयर रहते हुए उन्होंने फिल्म Adipurush के विवादित संवाद को लेकर बॉलीवुड फिल्मों के प्रदर्शन पर अस्थायी रोक लगाने का आदेश दिया था। इस फैसले को लेकर उन्हें भारत विरोधी बताया गया, लेकिन बाद में उन्होंने स्पष्ट किया कि उनका विरोध केवल फिल्म के संवाद से था, न कि भारत या उसकी संस्कृति से।

इसके अलावा, उनके द्वारा कार्यालय में लगाए गए “ग्रेटर नेपाल” नक्शे को लेकर भी काफी चर्चा हुई थी, जिसमें भारत के कुछ हिस्सों को शामिल दिखाया गया था। इस कदम ने राजनीतिक बहस को और तेज कर दिया था।

राजनीतिक दृष्टि से बालेन शाह की जीत भी महत्वपूर्ण रही। उन्होंने झापा-5 सीट से पूर्व प्रधानमंत्री K. P. Sharma Oli को लगभग 50,000 वोटों के अंतर से हराया। ओली को लंबे समय से चीन समर्थक नेता के रूप में देखा जाता रहा है।

इस बीच, शपथ के अगले ही दिन ओली की गिरफ्तारी ने नेपाल की राजनीति में हलचल और बढ़ा दी है। यह घटनाक्रम देश में तेजी से बदलते राजनीतिक समीकरणों की ओर इशारा करता है।

नेपाल और भारत के बीच ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और आर्थिक संबंध बेहद गहरे हैं। नेपाल एक लैंडलॉक्ड देश होने के कारण व्यापार और परिवहन के लिए काफी हद तक भारत पर निर्भर है। ऐसे में बालेन शाह का भारत के साथ सहयोग बढ़ाने का संकेत क्षेत्रीय स्थिरता और विकास के लिए अहम माना जा रहा है।